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Chronic Kidney Disease

Chronic Kidney Disease का बढ़ता खतरा: भारत में हर मिनट खराब हो रही हैं हजारों किडनियां

भारत इस समय एक साइलेंट हेल्थ क्राइसिस से गुजर रहा है। मेडिकल एक्सपर्ट्स और टॉप हेल्थ रिपोर्ट्स के अनुसार, देश में करीब 13 करोड़ लोग किडनी से जुड़ी किसी न किसी बीमारी से प्रभावित हैं। हैरानी की बात यह है कि इनमें से ज्यादातर लोगों को तब तक पता ही नहीं चलता, जब तक बीमारी गंभीर स्टेज में नहीं पहुंच जाती।

इस पूरी समस्या की जड़ है Chronic Kidney Disease — एक ऐसी बीमारी जो धीरे-धीरे किडनी की ताकत खत्म कर देती है, बिना ज्यादा लक्षण दिखाए।


Chronic Kidney Disease क्या है? (CKD को आसान भाषा में समझें)

Chronic Kidney Disease किसे कहते हैं?

जब किडनी 3 महीने या उससे ज्यादा समय तक खून को सही तरीके से साफ नहीं कर पाती, तो उस स्थिति को Chronic Kidney Disease (CKD) कहा जाता है।

इस बीमारी में:

  • शरीर में टॉक्सिन जमा होने लगते हैं

  • पानी और नमक का संतुलन बिगड़ जाता है

  • हार्ट और दिमाग पर भी असर पड़ता है

डॉक्टरों के अनुसार, Chronic Kidney Disease की सबसे बड़ी समस्या यह है कि यह शुरुआत में लगभग बिना लक्षण के होती है।


क्या किडनी एक वाइटल ऑर्गन है?

क्या किडनी के बिना इंसान जिंदा रह सकता है?

हां, किडनी एक वाइटल ऑर्गन है। इसके मुख्य काम हैं:

  • खून को साफ करना

  • शरीर से एक्स्ट्रा पानी और जहर निकालना

  • ब्लड प्रेशर कंट्रोल करना

  • हड्डियों और खून के लिए जरूरी हॉर्मोन बनाना

एक किडनी के सहारे इंसान रह सकता है, लेकिन दोनों किडनी फेल होने पर डायलिसिस या ट्रांसप्लांट जरूरी हो जाता है। इसलिए Chronic Kidney Disease को नजरअंदाज करना जानलेवा साबित हो सकता है।


भारत में किडनी डिजीज इतनी तेजी से क्यों बढ़ रही है?

CKD के बढ़ते मामलों के बड़े कारण

भारत में Chronic Kidney Disease के बढ़ते मामलों के पीछे कई वजहें जिम्मेदार हैं:

1. डायबिटीज का विस्फोट

भारत में करोड़ों लोग डायबिटीज से पीड़ित हैं। लंबे समय तक अनकंट्रोल शुगर किडनी की ब्लड वेसल्स को नुकसान पहुंचाती है।

2. हाई ब्लड प्रेशर

लगातार हाई BP रहने से किडनी पर दबाव बढ़ता है, जो Chronic Kidney Disease को जन्म देता है।

3. बिना सलाह दवाइयों का सेवन

दर्द निवारक दवाएं (Painkillers) और स्टेरॉयड्स का ज्यादा इस्तेमाल किडनी को चुपचाप खराब करता है।

4. खराब लाइफस्टाइल

ज्यादा नमक, जंक फूड, कम पानी, स्मोकिंग और शराब — ये सभी CKD के रिस्क फैक्टर हैं।


किडनी डिजीज क्यों होती है? किन हेल्थ कंडीशंस में रिस्क बढ़ता है?

इन लोगों को CKD का खतरा ज्यादा

  • डायबिटीज के मरीज

  • हाई BP वाले लोग

  • मोटापा

  • हार्ट डिजीज

  • परिवार में किडनी रोग का इतिहास

  • बार-बार यूरिन इंफेक्शन

  • लंबे समय तक दवाइयों का सेवन

इन स्थितियों में Chronic Kidney Disease का खतरा कई गुना बढ़ जाता है।


Chronic Kidney Disease से बचने का तरीका क्या है?

डॉक्टरों द्वारा बताए गए बचाव के उपाय

अगर आप चाहते हैं कि Chronic Kidney Disease आपको न हो, तो ये आदतें अपनाएं:

  • ब्लड शुगर और BP को कंट्रोल में रखें

  • रोज 2.5–3 लीटर पानी पिएं

  • नमक और प्रोसेस्ड फूड कम करें

  • साल में एक बार किडनी फंक्शन टेस्ट (Creatinine, eGFR) कराएं

  • बिना डॉक्टर की सलाह कोई दवा न लें


लाइफस्टाइल डिजीज जो किडनी को नुकसान पहुंचाती हैं, उन्हें कैसे रिवर्स करें?

CKD का रिस्क कम करने के लिए लाइफस्टाइल बदलाव

डॉक्टर मानते हैं कि शुरुआती स्टेज में Chronic Kidney Disease की प्रगति को रोका जा सकता है:

  • रोज 30 मिनट वॉक या योग

  • वजन को कंट्रोल में रखना

  • स्मोकिंग और शराब छोड़ना

  • फल, सब्जियां और लो-सोडियम डाइट अपनाना


एक बार किडनी खराब हो जाए तो क्या ट्रांसप्लांट ही आखिरी रास्ता है?

हर मरीज को ट्रांसप्लांट की जरूरत नहीं

Chronic Kidney Disease के शुरुआती और मिड स्टेज में:

  • दवाओं

  • डाइट मैनेजमेंट

  • लाइफस्टाइल सुधार

से किडनी की हालत को लंबे समय तक संभाला जा सकता है।
ट्रांसप्लांट केवल एंड-स्टेज CKD में जरूरी होता है।


क्या Chronic Kidney Disease पूरी तरह ठीक हो सकती है?

CKD का मेडिकल सच

  • Chronic Kidney Disease पूरी तरह रिवर्स नहीं होती

  • लेकिन सही इलाज से इसकी स्पीड को काफी धीमा किया जा सकता है

यही वजह है कि जल्दी पहचान सबसे जरूरी है।


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Top 5 FAQs: Chronic Kidney Disease से जुड़े सबसे ज्यादा पूछे जाने वाले सवाल

FAQ 1: Chronic Kidney Disease के शुरुआती लक्षण क्या हैं?

शुरुआत में लक्षण नहीं दिखते, लेकिन बाद में थकान, पैरों में सूजन, झागदार पेशाब और भूख कम लगना संकेत हो सकते हैं।

FAQ 2: क्या युवाओं को भी CKD हो सकती है?

हां, खराब लाइफस्टाइल, डायबिटीज और हाई BP के कारण युवा भी Chronic Kidney Disease का शिकार हो रहे हैं।

FAQ 3: क्या ज्यादा पानी पीने से किडनी ठीक हो सकती है?

पानी जरूरी है, लेकिन सिर्फ पानी पीने से Chronic Kidney Disease ठीक नहीं होती। सही इलाज भी जरूरी है।

FAQ 4: क्या आयुर्वेद या घरेलू इलाज CKD में मदद कर सकते हैं?

कुछ उपाय सपोर्टिव हो सकते हैं, लेकिन बिना डॉक्टर की सलाह कोई भी इलाज खतरनाक हो सकता है।

FAQ 5: किडनी की जांच कितनी बार करानी चाहिए?

डायबिटीज और BP मरीजों को साल में कम से कम 1 बार, और हाई रिस्क वालों को 6 महीने में जांच करानी चाहिए।


एक्सपर्ट की अंतिम सलाह

“Chronic Kidney Disease एक साइलेंट किलर है। समय पर जांच, सही लाइफस्टाइल और जागरूकता से लाखों जिंदगियां बचाई जा सकती हैं।”


निष्कर्ष

भारत में Chronic Kidney Disease तेजी से बढ़ रही है, लेकिन यह काफी हद तक रोकने योग्य बीमारी है। आज लिया गया सही फैसला, कल आपकी किडनी और जिंदगी दोनों बचा सकता है।

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Dainik Bharat Times is authored by Jaideep Kirad who also the founder of the website that produces informative tech, lifestyle and general public matters news in Hindi with appropriate?

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